यास तूफ़ान (चक्रवात) क्या है, असर, रफ्तार | Yaas Cyclone in Hindi, Velocity, Trail

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यास तूफ़ान (चक्रवात) क्या है, मतलब, अर्थ, मीनिंग, गति, स्पीड, नामकरण, असर [Yaas Cyclone in Hindi] (Velocity, Trail, Replace, Observe Map, Named by means of Which Nation)

प्रकृति हमसे क्या चाहती हैं उसके बारे में कोई भी नहीं जानता, साल 2021 की शुरुआत से प्रकृतिक आपदाओ से हमारा देश घिरा हुआ है. बीते दिनों हमे ताउते तूफ़ान के बारे में सुना था और उस तूफ़ान ने कितना नुकसान किया हैं उसके बारे में भी हम जानते ही हैं. ऐसे ही हाल में एक और तूफ़ान की चेतावनी मौसम विभाग ने हमे दी हैं. यास तूफ़ान के बारे में भी काफी चर्चायें चल रही हैं और कयास लगाये जा रहे हैं की यह तूफान भी देश के लगभग 7 राज्यों से गुजरेगा. इस यास तूफ़ान से भी हमे सावधान रहने की जरुरत हैं. यह क्या है और कहां से यह उठा है सब कुछ आप हमारे इस लेख में देख सकते हैं.

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यास तूफान (चक्रवात) क्या है

बंगाल की खाड़ी से उठने वाले तूफ़ान का नाम यास है. जोकि भारत देश के कुछ राज्यों से होकर गुजरेगा, यानि बंगाल की खाड़ी से उठा यह तूफान देश में 7 राज्यों में अपना असर दिखायेगा. यह यास तूफान पूर्वी तटों पर अपना कहर बरपा सकता है. वर्तमान में भारत के पच्छिमी तटो पर चक्रवात आया था यह भी उसी तरह का यह एक चक्रवात हैं. पश्चिमी तटों पर आये इस चक्रवात के कारण कई राज्यों में जैसे महाराष्ट्र, गुजरात, केरल, कर्नाटक और गोवा आदि में भारी तबाही हुई थी, जो मंजर काफी डरावना भी था। हाल ही में मौसम बताने वाले मौसम विभाग ने चेतावनी जारी की थी ताऊते के बाद एक और नया चक्रवात बंगाल की खाड़ी से आ रहा है. इस तूफान की शुरुआत 24 मई से होगी. परन्तु यह तूफान भारत के पूर्वी तटो से 26 मई को टकराएगा.

यास चक्रवात नामकरण (Named By means of Nation)

बंगाल की खाड़ी से उठने वाले इस तूफान का नामकरण ओमान देश ने किया हैं. यास शब्द एक ओमानी शब्द हैं जिसका अर्थ होता हैं उदासी. इस तूफान के नामकरण का श्रेय ओमान को जाता है. इस तूफान के शांत होने के बाद एक और नया तूफ़ान आने की भी संभावना जताई जा रही हैं जिसका नामकरण पाकिस्थान के किये हैं जिसे गुलाब के नाम से जाना जा सकता हैं.  

यास तूफ़ान असर कहां होगा (Trail)

बंगाल की खाड़ी से उठ कर यह तूफान पूर्वी ओडिशा की लगभग 7 जिलो में होता हुआ भारत के अन्य राज्यों में अपना कहर बरपाएगा. हालांकि यह भी कहा जा रहा है कि इस तूफान से कोई ज्यादा नुकसान नहीं होगा. यास तूफान का असर शुरुआत में ओडिशा और पश्चिम बंगाल में देखने को मिलेगा. वहीं इसके बाद इस तूफान का असर तमिलनाडु, आंध्र प्रदेश राज्यों में और साथ ही अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में भी इस तूफ़ान का ख़ासा प्रभाव दिखाई देगा जिसकी पूरी आशंका दिखाई दे रही हैं. इन राज्यों के अलावा यह तूफान झारखंड और केरल के तटवर्ती इलाकों के कुछ हिस्सों पर भी अपना असर दिखा सकता है.

पडोसी देश में असर

जैसे ही तूफ़ान आगे बढ़ता हुआ आसम और मेघालय जाएगा तो इससे बीच में बांग्लादेश के तटो से भी टकराएगा. इस यास तूफान से बांग्लादेश के दक्षिणी और पश्चिमी तटों से भी टकराने की संभावना की आशंका की पुष्टि मौसम विभाग ने की हैं. 

यास तूफ़ान कब आयेगा

भारतीय मौसम विभाग की माने तो इस तूफ़ान की शुरुआत 24 मई को बंगाल की खाड़ी से होगी उसके बाद यह तुफान वहां से आगे बढ़ता हुआ 26 मई को ओडिशा राज्य के पूर्वी तटो पर पहुचेगा. इसके बाद यह तूफ़ान 26 मई को अंडमान निकोबार द्वीप समूह पर भी अपना असर दिखायेगा. फिर यह तूफ़ान आगे बढ़ता हुआ मेघालय और असम राज्य तक जायेगा. हिमालय में यह टकराकर उत्तरी राज्यों पर भी अपना असर दिखा सकता है. 

यास तूफान रफ्तार (Velocity)

एक रिपोर्ट के अनुसार माने तो यह तूफ़ान पूर्वी तटो पर 170 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ़्तार से टकराने की संभावना हैं. इस तूफान में हवाओं की स्पीड 90 से 120 किलोमीटर प्रति घंटा हो सकती हैं.

यास तूफान असर (Impact)

इस स्पीड के साथ यह तूफ़ान अगर पूर्वी तटो से टकराता हैं तो इस तूफान भारी बारिश होने की सम्भावन है. इस तूफान से पूर्वी राज्यों में 150 से 200 सेंटीमीटर तक बरसात हो सकती हैं. इस तूफान से 26 और 27 तारीख को भारी बारिश होने की संभावना मौसम विभाग ने दी है. मौसम विभाग की माने तो इस तूफान में के भारत के पूर्वी राज्यों में बारिश और तेज हवाओ का असर दिखेगा. मौसम विभाग ने इस तूफान से खुद को सुरक्षित रखने की सलाह दी हैं.

मौसम विभाग की माने तो यह तूफ़ान शुरुआत में इतना खतरनाक नही हैं परन्तु यह समय के साथ जैसे जैसे आगे बढेगा तब इसकी स्पीड बढती जायेगी. इस तूफ़ान की स्पीड 120 किलोमीटर से भी अधिक हो सकती हैं. इसी गति से यह तूफान ओडिशा के तटो से टकराएगा. 

यास तूफ़ान बचाव तैयारी

ट्रेनों को किया गया रद्द

यास तूफान के चलते यात्रियों की सुरक्षा को देखते हुए रेलवे ने दिल्ली से पूरी और भुवनेश्वर जाने वाली सभी ट्रेनों को आगामी आदेश तक रद्द कर दिया है. दिल्ली से पूरी और भुवनेश्वर अब आगामी three से four दिन कोई भी ट्रेन नहीं जाएगी. हालांकि इन ट्रेनों को कुछ ही दिनों के लिए रद्द किया गया हैं. 

एयरफोर्स बचाव के लिए तैयार

पूर्वी तटो पर तूफ़ान के खतरे को देखते हुए NDRF की टीमें भी तैयार हैं. वायुसेना ने NDRF की टीमों को एयरलिफ्ट किया है. वर्तमान में यह टीम बंगाल के कोलकाता और ओडिशा के भुनेश्वर के रेड जोन इलाको में स्तिथ हैं. अगर इस फ़ोर्स की जरुरत पड़ेगी तो यह टीम हमेश मदद के लिए आगे कड़ी रहेगी. NDRF में अपने करीबन 26 हेलीकाप्टर स्टैंडबाई मोड पर रखे हैं जो की हर वक़्त किसी भी हालत से निपटने के लिए तैयार हैं.

भारत के पूर्वी तटों पर एक नये तूफान यास तूफ़ान की शुरुआत हो चुकी है. मौसम विभाग की मानें तो यह तूफ़ान बंगाल की खाड़ी से उठेगा जो की भारत के पूर्वी राज्यों में अपना कहर बरपायेगा. किन्तु हमारे देश में इस तूफान से निपटने के लिए पूरी तैयारी कर ली गई है.

FAQ

Q : यास तूफान का नाम किसने दिया हैं ? 

Ans : ओमान राष्ट्र ने 

Q : यास तूफान कहां से उठेगा ? 

Ans : बंगाल की खाड़ी से

Q : यास तूफान कितने राज्यों में असर दिखाएगा ? 

Ans : लगभग 7 पूर्वी राज्यों में. 

Q : यास तूफान भारतीय तटों से कब टकराएगा ? 

Ans : 26 मई को संभावित

Q : यास तूफान की शुरुआत कब हुई ? 

Ans : 24 मई

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