टेलीफोन का आविष्कार किसने किया और कब?

0
15


चिट्ठी! पत्र! डाकिया!

कितने खूबसूरत और पुराने लगते हैं न ये शब्द. अब ये शब्द सामान्य नही रहे. आज से कुछ सालो पहले तक यह सभी शब्द लोगो की रोजमर्रा की ज़िन्दगी का हिस्सा हुआ करते थे. रोजाना घरों पर डाक आया करती थी और लोग उसके लिए उत्साहित रहते थे. लेकिन आज केवल डाक में किताबे और विशेष पत्र ही आते हैं. इसका श्रेय टेलीफोन को जाता हैं. इस बात में कोई दो राय नहीं हैं की टेलीफोन दुनिया के सबसे बड़े और महत्वपूर्ण आविष्कारो में से एक हैं.

सालों पहले लोग अपनी चिट्टियां भेजने के लिए कबूतरों का इस्तेमाल करते थे. उसके बाद डाक प्रणाली को शुरू किया गया और जगह जगह डाकघर बनाये गए. लेकिन जब से टेलीफोन का आविष्कार हुआ, संचार की दुनिया ही बदल गयी. आज के समय में हम अपने घर पर बैठे हुए दुनिया के किसी भी कोने में बैठे हुए व्यक्ति से बात कर सकते हैं, वो भी जब चाहे तब! टेलीफोन के आविष्कार के कारण ही यह सब संभव हो पाया है.

लेकिन क्या आप जानते हैं की टेलीफोन किसने बनाया था?

अगर नहीं, तो यह लेख “टेलीफोन किसने आविष्कार किया था” पूरा पढ़िए, आप खुदही इस विषय में सबकुछ जान पाएंगे.

टेलीफोन क्या है?

टेलीफोन एक ऐसा यंत्र हैं जिसकी मदद से दो या दो से अधिक व्यक्ति दुनिया के अलग अलग कौन में बैठे हुए भी एक दूसरे से बात कर सकते हैं. सरल भाषा में ‘Phone‘ एक टेलीकम्युनिकेशन डिवाइस है जिसकी मदद से एक दूसरे से दूर होते हुए भी दो या दो से अधिक व्यक्ति आपस में बात कर सकते हैं’.

Telephone Ka Avishkar Kisne Kiya

भले ही हमे आज अपने स्मार्टफोन में दुनिया भर की टेक्नोलॉजी और फीचर्स मिलते हैं लेकिन टेलीफोन का मुख्य उपयोग किसी दूर बैठे हुए व्यक्ति से वर्चुअली बात करना ही होता हैं.

अगर थोड़ा अधिक गहराई से समझा जाए तो टेलीफोन एक ऐसा उपकरण है जो किसी भी ध्वनि (मुख्य रूप से मानव की आवाज – Human Voice) को Digital Indicators में कन्वर्ट करता हैं जो की केबल या किसी अन्य माध्यम से दूसरे टेलीफोन तक पहुचती है और सामने वाले व्यक्ति को ध्वनि के रूप में सुनाई देती हैं.

आज के समय में phone पहले से काफी बदल चुका हैं. अब हम एक ऐसे युग में जी रहे हैं जहां सब कुछ वायरलेस है लेकिन पहले टेलीफोन के आविष्कार के समय ऐसा नहीं था. तब केबल्स का उपयोग करके एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति तक आवाज पहुचाई जाती थी.

टेलीफोन को हिंदी में क्या कहते हैं?

टेलीफोन को हिंदी में दूरभाष या दूरभाषी यंत्र कहते हैं.

टेलीफोन का आविष्कार किसने किया था?

Alexander Graham Bell
अलेक्जेंडर ग्राहम बेल

आज के समय में हम जिन स्मार्टफोंस का उपयोग कर रहे हैं उन्हें टेलीफोन का एक आधुनिक रूप ही माना जाता है. लेकिन पहले टेलीफोन से लेकर हमारे हाथ में मौजूद आज तक के स्मार्टफोन में कई वैज्ञानिकों का हाथ है. लेकिन टेलीफोन का मुख्य आविष्कारक ‘अलेक्जेंडर ग्राहम बेल‘ को माना जाता है.

अलेक्जेंडर ग्राहम बेल (Alexander Graham Bell) एक लोकप्रिय स्कॉटिश वैज्ञानिक थे जिन्होंने टेलीफोन के साथ ऑप्टिकल-फाइबर सिस्टम, फोटोफोन, बेल और डेसिबॅल यूनिट और मेटल-डिटेक्टर जैसे कई बड़े आविष्कार किए थे. लेकिन उन्हें मुख्य रूप से टेलीफोन के आविष्कार के कारण ही जाना जाता है.

टेलीफोन का आविष्कार कब हुआ था?

स्कॉटिश वैज्ञानिक अलेक्जेंडर ग्राहम बेल ने टेलीफोन का आविष्कार 2 जून, 1875 में किया था. टेलीफोन के आविष्कार में अलेक्जेंडर ग्रह बेल ने टॉमस वॉटसन की सहायता ली थी.

इसके बाद अलेक्जेंडर ग्राहम बेल ने 7 मार्च, 1876 को इसका पेटेंट अपने नाम करा लिया. यानी कि इस दिन वैज्ञानिक अलेक्जेंडर ग्राहम बेल आधिकारिक रूप से टेलीफोन के आविष्कारक बन गए.

टेलीफोन का आविष्कार कैसे हुआ था?

टेलीफोन के आविष्कार ने संचार की प्रणाली को बदलकर रख दिया. हम यह जान चुके हैं की टेलीफोन का आविष्कार किसने किया था और कब किया था! तो चलिए अब एक नजर डालते हैं टेलीफोन के आविष्कार की कहानी पर.

टेलीफोन के आविष्कारक अलेक्जेंडर ग्राहम बेल की मां और पत्नी दोनों ही बहरी थी. इस वजह से अलेक्जेंडर को ध्वनि विज्ञान का अच्छा ज्ञान था. अलेक्जेंडर ग्राहम बेल का मानना था की टेलीग्राफ तार के जरिए ध्वनि के सिगनल्स भेजे जा सकते हैं. उन्हें इस विषय में काफी रुचि थी और इस रुचि के चलते उन्होंने इस पर शोध कार्य शुरू कर दिया. अलेक्जेंडर ग्राहम बेल ने अपने साथ एक सहायक ‘थॉमस वॉटसन‘ को रखा जिन्होंने टेलीफोन की खोज में बेल की काफी मदद की.

लम्बे समय तक कई एस्पेरिमेंट्स के बावजूद भी अलेक्जेंडर और थॉमस को टेलीग्राफ तार के जरिये ध्वनि संचरण करने में सफलता नही मिल रही थी. 2 जून 1875 के दिन भी बेल और वॉटसन अपनी खोज में लगे हुए थे. वॉटसन ऊपर के कमरे में थे और बेल नीचे की तरफ थे. बेल की पेंट पर काम करते वक्त अचानक से हल्का तेजाब गिर गया. उन्होंने वॉटसन को मदद के लिए पुकारा. पहले सब सामान्य लगा लेकिन अचानक से वॉटसन को एहसास हुआ की यह आवाज उनके पास रखे उपकरण से आ रही हैं.

जी हा, यही वह दिन था जिस दिन एक अलेक्जेंडर ग्राहम बेल ने सफलतापूर्वक टेलीफोन का आविष्कार किया. इसके बाद साल 1976 में उन्हें आधिकारिक रूप से टेलीफोन के आविष्कारक के रूप में स्वीकार किया गया.

क्या सच में टेलीफोन का आविष्कार अलेक्जेंडर ग्राहम बेल ने किया था?

लगभग 90 प्रतिशत लोग यही मानते हैं की टेलीफोन का आविष्कार अलेक्जेंडर ग्राहम बेल ने किया था. लेकिन जब आप गूगल पर ‘टेलीफोन का आविष्कार किसने किया’ सर्च करोगे तो आपके सामने three नाम आएंगे. बेशक पहला नाम Alexandra Graham Bell का हैं लेकिन दूसरा और तीसरा नाम क्रमशः Antonio Meucci और Amos Dolbear का हैं.

ऐसा क्यों?

चलिए जानते हैं इसके पीछे की वजह.

हम सभी इस बात को भलीभांति जानते हैं कि आजतक जितने भी बड़े आविष्कार हुए हैं उन सभी के पीछे कई बड़े वैज्ञानिकों का हाथ होता हैं. कोई सिद्धांत देता हैं, कोई उसे फॉलो करता हैं तो कोई सफलतापूर्वक उससे जुड़ा यंत्र बनाकर उसे साबित कर देता हैं.

टेलीफोन के आविष्कार में भी कुछ ऐसा ही हैं. टेलीफोन के आविष्कार में भी Alexandra Graham Bell के साथ Charles Grafton Web page, Innocenzo Manzetti, Charles Bourseul, Johann Philipp Reis, Antonio Meucci और Elisha Grey जैसे कई नाम शामिल हैं.

इन सभी वैज्ञानिकों ने टेलीफोन के आविष्कार में महत्वपूर्ण योगदान दिया हैं लेकिन जितना योगदान अलेक्जेंडर ग्राहम बेल का उतना अन्य किसी वैज्ञानिक का नहीं हैं. Amos Dolbear ने Sound Waves और Electric Impulses का इलेक्ट्रिकल स्पार्क में रूपांतरण के बारे में खोज की थी.

सन 1854 में Antonio Meucci ने एक Voice Speaking Software की खोज की थी, जिसे Teletrofono नाम दिया गया था. लेकिन वह यूएस पेटेंट ऑफिस में डायग्राफ, ईलेक्ट्रोमैग्नेट, ध्वनि का इलेक्ट्रिक तरंगों में रूपांतरण, इलेक्ट्रिक तरंगों का ध्वनि में रूपांतरण और इलेक्ट्रोमैग्नेटिक टेलीफोन के अन्य फीचर नहीं बता पाए.

लेकिन आख़िरकार अलेक्जेंडर ग्रह बेल ने सन 1975 में टेलीफोन का आविष्कार किया और सन 1976 में वह ऐसा आविष्कार को आधिकारिक तौर पर अपने नाम करवाने में सफल रहे.

जहां दूसरे वैज्ञानिक व्यावसायिक रूप से व्यवहार्य टेलीफोन सिस्टम बनाने में असफल रहे वहा पर बेल ने सफलता हासिल की. यानी की यह कहा जा सकता हैं की बेल ने टेलीफोन इंडस्ट्री की शुरुआत की. अगर बेल नही होते तो शायद आज हमारे हाथ में ये चमचमाते स्मार्टफोन्स नही होते.

आज आपने क्या सीखा

मुझे उम्मीद है की आपको मेरी यह लेख Phone का आविष्कार किसने किया जरुर पसंद आई होगी. मेरी हमेशा से यही कोशिश रहती है की readers को टेलीफोन के विषय में पूरी जानकारी प्रदान की जाये जिससे उन्हें किसी दुसरे websites या web में उस article के सन्दर्भ में खोजने की जरुरत ही नहीं है.

इससे उनकी समय की बचत भी होगी और एक ही जगह में उन्हें सभी data भी मिल जायेंगे. यदि आपके मन में इस article को लेकर कोई भी doubts हैं या आप चाहते हैं की इसमें कुछ सुधार होनी चाहिए तब इसके लिए आप निचे feedback लिख सकते हैं.

यदि आपको यह लेख टेलीफोन की खोज किसने की पसंद आया या कुछ सीखने को मिला तब कृपया इस पोस्ट को Social Networks जैसे कि Fb, Twitter और दुसरे Social media websites proportion कीजिये.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here